The Current Scenario
--:--:-- | Loading...
🔴 माता सुंदरी महिला महाविद्यालय में वार्षिक सांस्कृतिक उत्सव ‘सारंग 2026’ का सफल आयोजन     🔴 Spoton Global Group के भव्य समारोह में 100+ छात्राओं का सम्मान, ‘आत्मनिर्भर महिला’ अभियान को मिली नई दिशा     🔴 दिल्लीफार्मास्युटिकल साइंसेज़ एंड रिसर्च यूनिवर्सिटी में अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति उद्यमियों हेतुउद्यमिता जागरूकता कार्यक्रम हुआ आयोजित     🔴 विश्वविद्यालय का उद्देश्य खिलाड़ियों का समग्र विकास सुनिश्चित करना है : अशोक कुमार कुलपति     🔴 दिल्ली राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (डीएसएलएसए) की पहल: डिजिटल लोक अदालत से ट्रैफिक चालान निस्तारण हुआ आसान और पारदर्शी     🔴 एकंगरसराय में दर्दनाक हादसा: रेलवे ट्रैक पर मालगाड़ी की चपेट में आने से युवक की मौत     🔴 इस्लामपुर में पुलिस की बड़ी कार्रवाई: विशेष अभियान में दो आरोपी गिरफ्तार, न्यायिक हिरासत में भेजे गए     🔴 वैलेंटाइन डे विवाद: युवक-युवती को अलग कर हाथ में थमाई हनुमान चालीसा, तस्वीर वायरल     🔴 बिहार के नालंदा में युवक की आत्महत्या: दीपनगर इलाके से दुखद घटना     🔴 दिल्ली में वैलेंटाइन डे पर सनसनी: विश्वास नगर के संतोष रेजिडेंसी होटल से युवती ने लगाई छलांग, हालत स्थिर    
accident Airlines Animals Business Crime Economy Education Entertainment Environment Festival Health Inspection International law Local National Nature Politics Research social Social media Sports Technology walfare Weather

भारत-ईयू FTA: क्या यूरोपियन लग्जरी कारें अब भारत में सस्ती होंगी?

Economy  •  👁 20 views  •  28 Jan 2026
भारत-ईयू FTA: क्या यूरोपियन लग्जरी कारें अब भारत में सस्ती होंगी?
हाल ही में भारत और यूरोपीय संघ (EU) के बीच फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) पर बातचीत तेज़ हुई है। इस समझौते का मुख्य उद्देश्य दोनों क्षेत्रों के बीच ट्रेड को बढ़ाना और आयात-निर्यात शुल्क घटाना है। खासकर ऑटोमोबाइल सेक्टर में यह समझौता काफी चर्चा में है क्योंकि इससे यूरोपियन लग्जरी कारों की कीमतों में बदलाव आ सकता है।
वर्तमान में भारत में यूरोपियन कारों पर उच्च कस्टम ड्यूटी लगती है, जिससे मर्सिडीज-बेंज, बीएमडब्ल्यू, ऑडी और पोर्श जैसी ब्रांड्स महंगी हो जाती हैं। अगर FTA लागू होता है, तो इन कारों पर शुल्क में कटौती हो सकती है। इसका सीधा असर होगा कि लग्जरी कारें भारत में सस्ती और ग्राहकों के लिए अधिक किफायती हो सकती हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि FTA केवल ऑटो सेक्टर तक सीमित नहीं होगा। इससे इलेक्ट्रॉनिक्स, कपड़ा और वाइन जैसे कई उत्पादों की कीमतों में भी कमी की उम्मीद है। हालांकि, वास्तविक लाभ मिलने में समय लग सकता है क्योंकि FTA पर अंतिम हस्ताक्षर और कानूनी प्रक्रिया पूरी करनी होगी।
ऑटोमोबाइल कंपनियों के लिए यह अवसर नई मार्केट रणनीतियों और निवेश योजनाओं का संकेत भी है। वे भारत में अपने उत्पादन और बिक्री नेटवर्क को मजबूत कर सकते हैं, ताकि आयात शुल्क कम होने के बाद अधिक ग्राहकों तक पहुंचा जा सके।
हालांकि, विशेषज्ञों ने यह चेतावनी भी दी है कि मूल्य कटौती का असर हर कार मॉडल पर समान नहीं होगा। यह मुख्य रूप से उन मॉडलों पर दिखाई देगा जिन पर वर्तमान में सबसे अधिक आयात शुल्क लगता है।
संक्षेप में, भारत-ईयू FTA लागू होने पर लग्जरी कारों की कीमतों में कमी की संभावना है, लेकिन यह पूरी तरह लागू होने के बाद ही स्पष्ट रूप से देखी जा सकेगी।