The Current Scenario
--:--:-- | Loading...
🔴 ‘उनसे पूछो… अल-इत्तिहाद के खिलाड़ियों से पूछो’: पूर्व क्लब को अलविदा न कहने पर करीम बेंजेमा का करारा जवाब     🔴 मध्य प्रदेश 2026 में 5वीं और 8वीं की परीक्षाएं बोर्ड परीक्षा पैटर्न पर आयोजित करेगी     🔴 जापान ने पर्यटकों के बुरे व्यवहार के कारण माउंट फ़ूजी चेरी ब्लॉसम फेस्टिवल रद्द किया     🔴 RBI ने MSMEs के लिए बिना गारंटी वाले लोन की सीमा बढ़ाकर 20 लाख रुपये किया     🔴 RBI ने ग्राहकों को छोटे फ्रॉड से बचाने के लिए तय की 25,000 रुपये की मुआवज़े की सीमा     🔴 हाईकोर्ट ने रिश्वत मांगने वाले वकील को जमानत देने से किया इनकार, कहा – 'अपमानजनक हरकत'     🔴 “कर्नाटक कैबिनेट ने GBA क्षेत्र में स्ट्रीट वेंडर्स के लिए 42 करोड़ रुपये की सब्सिडी को मंज़ूरी दी”     🔴 चेल्सी के बॉस लियाम रोज़ेनियर ने आर्सेनल के खिलाफ गुस्से की वजह बताई: 'फुटबॉल में कुछ तौर-तरीके होते हैं'     🔴 जिम्मेदारी लें: HERizon Care के साथ सर्वाइकल कैंसर से बचाव करें     🔴 टेक-इनेबल्ड गुड्स ट्रांसपोर्टेशन MSMEs के लिए लॉजिस्टिक्स लागत कम करती हैं: C-DEP-IIT दिल्ली स्टडी    
accident Airlines Animals Business Crime Economy Education Entertainment Environment Festival Health Inspection International law Local National Nature Politics Research social Social media Sports Technology walfare Weather

अंबाजी (गुजरात) में आयोजित हो रहे "51 शक्तिपीठ परिक्रमा महोत्सव - 2026" से जुड़ी है। यह महोत्सव 30 जनवरी से शुरू होकर आज 1 फरवरी 2026 तक चल रहा है।

Festival  •  👁 11 views  •  02 Feb 2026
अंबाजी (गुजरात) में आयोजित हो रहे "51 शक्तिपीठ परिक्रमा महोत्सव - 2026" से जुड़ी है। यह महोत्सव 30 जनवरी से शुरू होकर आज 1 फरवरी 2026 तक चल रहा है।
गुजरात में आयोजित "51 शक्तिपीठ परिक्रमा महोत्सव - 2026" का भव्य आयोजन आज समापन के साथ पूरा होगा। यह महोत्सव 30 जनवरी से 1 फरवरी 2026 तक चला और इसे गुजरात सरकार तथा श्री आरासुरी अंबाजी माता देवस्थान ट्रस्ट के सहयोग से आयोजित किया गया।

आज का मुख्य कार्यक्रम

ज्योति यात्रा, चामर यात्रा और मशाल यात्रा के साथ महोत्सव का समापन होगा।

महोत्सव की मुख्य बातें

श्रद्धालुओं की भारी भीड़: पिछले दो दिनों में लाखों भक्तों ने गब्बर पर्वत की परिक्रमा की। 31 जनवरी को त्रिशूल यात्रा और पादुका यात्रा निकाली गई थी।

एक ही स्थान पर दर्शन: गब्बर पर्वत पर 2.5 किलोमीटर लंबे मार्ग पर भारत, श्रीलंका, नेपाल और पाकिस्तान में स्थित सभी 51 शक्तिपीठों की हूबहू प्रतिकृतियां बनाई गई हैं।

सुविधाएं: श्रद्धालुओं के लिए अंबिका भोजनालय और GMDC मैदान में निशुल्क भोजन की व्यवस्था की गई, साथ ही विशेष बसों द्वारा परिवहन की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई।

लाइट एंड साउंड शो: शाम के समय गब्बर पर्वत पर विशेष ‘लाइट एंड साउंड शो’ आयोजित किया गया, जो भक्तों का आकर्षण का केंद्र बना।

सुरक्षा: मंदिर परिसर और परिक्रमा मार्ग पर 500 से अधिक पुलिस कर्मी तैनात किए गए।

महोत्सव ने श्रद्धालुओं को एक ही छत के नीचे सभी 51 शक्तिपीठों का दर्शन करने का अद्वितीय अनुभव प्रदान किया और भक्ति तथा संस्कृति का अद्भुत संगम पेश किया।